'भारत ऑस्कर जीतने के काबिल'

    • Author, श्वेता पांडेय
    • पदनाम, मुंबई से, बीबीसी हिंदी डॉट कॉम के लिए
  • प्रकाशित

अभिनेता इरफ़ान ख़ान के लिए साल 2015 काफ़ी कामयाबी भरा रहा .

कुछ दिन पहले ही रिलीज़ हुई फ़िल्म 'तलवार' दर्शकों की प्रशंसा बटोर ही रही थी की अब 9 अक्टूबर को ऐश्वर्या राय बच्चन के साथ मुख्य भूमिका वाली 'ज़ज़्बा' रिलीज़ होने जा रही है.

बीबीसी से हुई ख़ास बातचीत के दौरान इरफ़ान ने अपनी फ़िल्मों के साथ ऑस्कर को लेकर भारत के रवैये पर खुलकर चर्चा की.

साल की शुरुआत में ही इरफ़ान ख़ान अभिनीत फ़िल्म 'पीकू' और हॉलीवुड फ़िल्म 'जुरासिक वर्ल्ड' रिलीज़ हुई और दोनो ही फ़िल्में दर्शकों को बेहद पसंद आई.

इसके बाद हाल ही में रिलीज़ हुई फ़िल्म 'तलवार' को भी दर्शकों ने काफी सराहा.

वक़्त की कमी

जब इरफ़ान से पूछा गया कि क्या दो फ़िल्मों का प्रमोशन एक साथ करने में मुश्क़िलों का सामना करना पड़ता है, तो इसके जवाब में कहते हैं, ''दो फ़िल्मों का प्रमोशन एक साथ करने में कई बार वक़्त की कमी पड़ जाती है."

इरफ़ान काम के प्रति अपने लगाव को दर्शाते हुए आगे कहते हैं, "लेकिन काम है, तो मैनेज करना ही पड़ता है.''

ऐश्वर्या की कमबैक कही जाने वाली फ़िल्म का हिस्सा बनने कि क्या वजह रही, इस पर वे कहते हैं, '' कहानी, निर्देशक, वनलाइनर और ऐश्वर्या के साथ काम करने का मौक़ा, इन सभी वजहों से मैं फ़िल्म का हिस्सा बना हूं.''

अपनी बात में वे आगे कहते हैं कि कलाकार के तौर पर वे दर्शकों को कुछ नया देने की कोशिश हमेशा करते हैं.

भारत और ऑस्कर

बॉलीवुड के साथ हॉलीवुड में भी सक्रिय इरफ़ान 'लाईफ़ ऑफ पाई' और 'जुरासिक वर्ल्ड' जैसी फ़िल्मों से प्रशंसा बटोर चुकें हैं और इन दिनों बॉलीवुड में बन रही फ़िल्मों से बेहद खुश हैं.

जब इरफ़ान से पूछा गया कि अब तक भारत ऑस्कर से क्यों दूर है तो वे कहते हैं,''अभी तक विश्व स्तरीय सिनेमा हम नहीं बना पा रहे थे, लेकिन अब नए फ़िल्म निर्माता आये हैं, जो नए विषयों पर अच्छा सिनेमा बना रहे हैं."

दर्शकों की पसंद में आए बदलाव पर वे कहते हैं,"दर्शकों को सिर्फ़ मनोरंजन नहीं चहिए, वो अपने आस पास की कहानी देखना चहते हैं.''

ऑस्कर की अहमियत बताते हुए कहते हैं कि कमेटी में शामिल लोगों को वहां भेजने वाली फ़िल्मों का चयन भी विश्व सिनेमा को ध्यान में रखकर ही करना चहिए .

अजीब चलन

बॉलीवुड में अभी भी बड़े उम्र के अभिनेता और छोटी उम्र नायिका के साथ फ़िल्में बन रही हैं. इस चलन पर इरफ़ान टिप्पणी करते हुए कहते हैं, '' दर्शक चाहते हैं, तभी इस तरह की फ़िल्में बनाई जा रही है."

इरफ़ान आगे कहते हैं,"हर तरह के सिनेमा को देखने वाले हैं, कुछ दर्शक अच्छा सिनेमा देखना चाहता है, तो कोई सिर्फ नाच-गाना देखना चाहते हैं.''

वहीं स्टैंडअप कॉमेडियन्स 'ऐ आई बी' के एक वीडियो में नज़र आये इरफ़ान ऑनलाइन चैनल्स को भी अच्छा माध्यम मानते है.

वे कहते है,"यह एक ऐसा मंच है जहा लोग संजीदा बात को मनोरंजक ढंग से कह सकते हैं".

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