यूपी में सोनम वांगचुक के समर्थन में मार्च निकालने वाले डॉक्टर को किया गया निलंबित, गौरव गुलमोहर, बीबीसी हिन्दी के लिए

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उत्तर प्रदेश के बहराइच ज़िले में सोनम वांगचुक के समर्थन में अकेले ही पैदल मार्च निकालने वाले एक जूनियर रेज़िडेंट डॉक्टर को महाराजा सुहेलदेव स्वशासी राजकीय मेडिकल कॉलेज ने निलंबित कर दिया है.
निलंबित डॉक्टर रूपक इखे महाराष्ट्र के अमरावती ज़िले के रहने वाले हैं और बहराइच मेडिकल कॉलेज में जूनियर रेज़िडेंट के तौर पर कार्यरत हैं.
स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक़, शुक्रवार की शाम डॉक्टर रूपक शहर के डिगिहा तिराहे से अकेले पैदल मार्च करते हुए ज़िलाधिकारी आवास पहुंचे थे.
इस दौरान उन्होंने सोनम वांगचुक के समर्थन में संदेश लिखा बैनर हाथ में लिया था. सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में वह ख़ुद को सोनम वांगचुक के अभियान का समर्थक बताते हुए दिखाई दिए.
वीडियो सामने आने के बाद मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने मामले का संज्ञान लेते हुए डॉक्टर रूपक इखे को निलंबित कर दिया.

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कॉलेज के प्राचार्य संजय खत्री ने बीबीसी न्यूज़ हिन्दी को बताया, "दिल्ली में सोनम वांगचुक के फे़वर में प्रदर्शन करते हुए रूपक इखे प्रदर्शन करते हुए अकेले ज़िलाधिकारी कार्यालय तक गए थे."
उन्होंने आगे कहा, "एंटी गवर्नमेंट चीज़ें करना संविधान के ख़िलाफ़ है इसलिए उनके ऊपर क़ानूनी कार्रवाई करते हुए सस्पेंड किया गया है."
संजय खत्री ने बीबीसी हिन्दी को बताया, "इस मामले की जांच के लिए पांच सदस्यीय समिति का गठन किया गया है. उनकी रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी. वो (डॉक्टर रूपक इखे) जब तक निलंबित हैं तब तक न मरीज़ देख सकेंगे और न ही अंदर जा सकेंगे."
डॉक्टर रूपक इखे ने बीबीसी हिन्दी से बातचीत में कहा कि मामला जांच के अधीन होने के कारण वह इस पर कोई टिप्पणी नहीं करना चाहते.




























