नेपाल: 'अस्पताल के बाहर लाशों का ढेर है'

नेपाल भूकंप की तस्वीरें
इमेज कैप्शन, आशुतोष की ट्विटर पर पोस्ट की गई इस तस्वीर को सोशल मीडिया पर ख़ूब शेयर किया गया.
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नेपाल में आए भूकंप के बाद के हालातों से सबसे पहले दुनिया के रूबरू कराने वाले काठमांडू के आशुतोष न्यूपाने पिछले 24 घंटों से भूखे प्यासे धूम रहे हैं.

आशुतोष ने अपने ट्विटर हैंडल <link type="page"><caption> @iHunn</caption><url href="https://twitter.com/iHunnt" platform="highweb"/></link>t से जो तस्वीरें पोस्ट की थीं उन्हें बीबीसी समेत दुनियाभर के मीडिया ने इस्तेमाल किया. पहले वो ट्विटर पर <bold>'पण्डित बाजे'</bold> के नाम से थे. अब उन्होंने ट्विटर पर अपना नाम बदलकर '<bold>प्रे फ़ॉर नेपाल</bold>' कर लिया है.

बेहद ख़राब टेलीफ़ोन लाइन पर उन्होंने बीबीसी हिंदी के दिलनवाज़ पाशा से बात की.

आशुतोष ने आपबीती कुछ यूं बताई

नेपाल में भूकंप
इमेज कैप्शन, आशुतोष ने तस्वीर भूकंप आने के दौरान ही खींची थी.

मैं बस स्टैंड पर बस का इंतज़ार कर रहा था. अचानक धरती डोलने लगी. गाड़ियाँ हिलने लगी.

मैंने तस्वीरें अपने दोस्तों को दिखाने के लिए खींची थीं. ये नहीं सोचा था कि पूरी दुनिया की मीडिया इनका इस्तेमाल करेगा.

नेपाल में भूकंप की तस्वीरें
इमेज कैप्शन, भूकंप आने के दौरान नेपाल में लोग जहाँ थे वहीं रुक गए.

चारों ओर अफ़रा-तफ़री का माहौल था. शुरुआत में मुझे अंदाज़ा नहीं था कि भूकंप इतना भयानक होगा. इतने लोग इससे प्रभावित होंगे.

बाद में हालात का जायज़ा लेने निकले तो पता चला कि भूकंप कितना भयानक है.

नेपाल में टूटी सड़कें
इमेज कैप्शन, भूकंप के वक़्त लोग घरों से निकलकर सड़कों पर आ गए.

धरहरा को <link type="page"><caption> धराशाई देखकर</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2015/04/150426_nepal_after_24_hours_of_earthquake_md?ocid=socialflow_twitter" platform="highweb"/></link> मन डूब गया. सिर्फ़ चीख पुकार ही सुनाई दे रही थी.

काठमांडू के बीर अस्पताल के बाहर लाशों का ढेर लगा है. शव बेहद ख़राब हालत में हैं. इस दृश्य ने आत्मा को झकझोर दिया है.

नेपाल में भूकंप

कल भूकंप के बाद रात को आई बारिश ने हालात और मुश्किल कर दिए. कड़कड़ाती ठंड में रात भर <link type="page"><caption> बाहर जागना</caption><url href="http://www.bbc.co.uk/hindi/international/2015/04/150426_death_toll_rising_in_nepal_dil" platform="highweb"/></link> पड़ा.

रह-रहकर धरती हिलती रही और लोग डरते रहे.

नेपाल में भूकंप

रविवार सुबह नौ बजे के बाद से भूकंप का झटका नहीं आया है इसलिए थोड़ी राहत और शांति का माहौल है.

मैंने कल से कुछ नहीं खाया है. लेकिन सिर्फ़ मैंने ही क्या बाक़ी लोगों ने भी तो कुछ नहीं खाया है.

नेपाल में भूकंप से तबाही

मैं काठमांडू में रहकर पढ़ाई करता हूँ. परिवार गाँव में हैं. फ़ोन लाइनें ठप्प होने के कारण घरवालों से बात नहीं हो पा रही है.

कल दोपहर सिर्फ़ 'हैलो' ही हो पाई थी कि फ़ोन कट गया. मीडिया से पता चला है कि मेरे इलाक़े में सब ठीक है.

नेपाल में खुले में इलाज करवाते भूकंप में घायल लोग

कुछ दोस्त घायल हुए हैं लेकिन मैं उनका हालचाल नहीं पूछ पा रहा हूँ. ये नेपाल के लिए बेहद मुश्किल वक़्त है. हम सभी लोग दुआ कर रहे हैं.

हमें दुनिया के साथ की ज़रूरत है.

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